रतलाम। शहर के सबसे व्यस्ततम और प्रसिद्ध घोड़ा चौराहा चौपाटी को हटाने के प्रशासनिक फरमान के बाद शहर में सियासी और प्रशासनिक घमासान चरम पर पहुंच गया है। नगर निगम द्वारा चौपाटी खाली करने के लिए दिए गए महज चार दिन के अल्टीमेटम के विरोध में दुकानदारों ने अपनी दुकानें पूरी तरह बंद कर अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। पिछले दो दिनों से जारी इस बेमियादी हड़ताल ने अब राजनीतिक रंग ले लिया है।चौपाटी को हटाने की कार्रवाई के बीच एक बड़ा खुलासा सामने आ रहा है। सूत्रों के मुताबिक, घोड़ा चौराहा चौपाटी पर लगने वाली अधिकांश गुमटियां शहर के कई रसूखदार नेताओं की बताई जा रही हैं। वहीं, कुछ दुकानों पर नेताओं से सांठगांठ रखने वाले रेलवे में पदस्थ कर्मचारियों के कब्जे की बात भी सामने आई है।
घोड़ा चौराहा पर निगम के अल्टीमेटम के खिलाफ अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे दुकानदार