उज्जैन। शहर में सिंहस्थ 2028 और सुगम यातायात की व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए नगर निगम द्वारा किए जा रहे मार्ग चौड़ीकरण कार्यों का महापौर मुकेश टटवाल ने गुरुवार को निरीक्षण किया। इस दौरान सिंधी कॉलोनी चौराहे से नीलगंगा तक मार्ग चौड़ीकरण कार्य की गति धीमी मिलने पर महापौर ने नाराजगी जताई और संबंधित ठेकेदार पर 5 लाख रुपये की पेनल्टी लगाने के निर्देश दिए।
महापौर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों में तेजी लाई जाए और निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ काम पूरा कराया जाए। सिंधी कॉलोनी चौराहे से नीलगंगा तक करीब 900 मीटर लंबे मार्ग को 30 मीटर चौड़ा किया गया है। यहां सेंट्रल लाइटिंग, डिवाइडर सहित अन्य निर्माण कार्य किए गए हैं। निरीक्षण के दौरान महापौर ने अधिकारियों से कार्य की प्रगति की जानकारी भी ली।इसके बाद महापौर ने कोयला फाटक से निजातपुरा, कंठाल चौराहा होते हुए सती गेट तक के मार्ग का निरीक्षण किया। इस दौरान दुकानों के बाहर अतिक्रमण औरगैरेज संचालकों द्वारा सड़क पर वाहन खड़े किए जाने से यातायात प्रभावित होने की स्थिति सामने आई।अतिक्रमण करने वालों पर होगी चालानी कार्रवाईमहापौर मुकेश टटवाल ने कहा कि मार्ग चौड़ीकरण का उद्देश्य शहर में आवागमन को सुगम बनाना और यातायात व्यवस्था में सुधार करना है। इसके लिए जरूरी है कि व्यापारी और नागरिक सड़क पर अतिक्रमण न करें तथा वाहनों को निर्धारित स्थान पर ही खड़ा करें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को दुकानों के बाहर अतिक्रमण करने वालों के विरुद्ध चालानी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
महापौर ने व्यापारियों और नागरिकों से अपील की कि वे सड़क पर वाहन खड़े ना करें।
ये रहे मौजूदनिरीक्षण के दौरान एमआईसी सदस्य रजत मेहता, प्रकाश शर्मा, कैलाश प्रजापत, डॉ. योगेश्वरी राठौर, अपर आयुक्त संतोष टैगोर, सहायक यंत्री डी.एस. परिहार, मुकुल मेश्राम, उपयंत्री राजेंद्र रावत, गायत्री प्रसाद डेहरिया सहित संबंधित कार्य के ठेकेदार उपस्थित रहे।