इंदौर। पोस्टल असिस्टेंट उर्मिला सैनी (38) की हत्या के आरोपी पति अखिलेश सैनी (45) के शव को लेकर सस्पेंस बना हुआ है। गंजबासौदा में रेलवे ट्रैक पर शव के साथ मिले आधार कार्ड और सुसाइड नोट के आधार पर पिता सीताराम सैनी और भाई चित्रेश सैनी ने इसके अखिलेश होने की पहचान की है।वहीं, पुलिस वैज्ञानिक सबूतों के आधार पर ही इसकी पुष्टि करने की बात कह रही है। उसे DNA जांच की रिपोर्ट का इंतजार है। ये रिपोर्ट आने में करीब 10 दिन लग सकते हैं।दरअसल, 11 जुलाई को उर्मिला की हत्या के बाद से ही अखिलेश गायब था। शनिवार रात एक सिरकटा शव गंजबासौदा-पवई रेलवे स्टेशन के बीच रेलवे ट्रैक पर मिला था। पैंट की जेब से अखिलेश के दस्तावेज और सुसाइड नोट बरामद हुए हैं।फोरेंसिक विशेषज्ञ बोले- सिर मिलना भी जरूरी-इंदौर में एमजीएम मेडिकल कॉलेज के फोरेंसिक विभाग अध्यक्ष डॉ. बीके सिंह ने कहा- DNA रिपोर्ट से यह तो स्पष्ट हो जाएगा कि शव किस व्यक्ति का है मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका पता लगाने के लिए शव के सभी महत्वपूर्ण अंगों का परीक्षण आवश्यक है।उन्होंने कहा कि सिर नहीं मिलने की स्थिति में मरने या मारने के तरीके का पता लगाना मुश्किल होगा। ऐसे मामलों में सिर पर मौजूद चोटें, घाव, निशान, खून और अन्य बिंदु फोरेंसिक जांच का अहम हिस्सा होते हैं।
पोस्टल असिस्टेंट के पति के शव पर सस्पेंस : बेटी ने कहा- नहीं पहचानती; DNA रिपोर्ट का इंतजार