सारंगपुर।कुंडालिया समूह जल प्रदाय योजना के अंतर्गत विकासखंड सारंगपुर के ग्राम झिरी में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ बनाने के लिए नवीन तकनीक से पानी की टंकी का निर्माण किया गया है। पारंपरिक कंक्रीट की टंकियों के विकल्प के रूप में निर्मित यह टंकी आधुनिक तकनीक का उदाहरण है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में पहल की गई है। ग्राम झिरी में 125 किलोलीटर क्षमता की इस टंकी के निर्माण में जिंक और एल्युमीनियम की मिश्र धातु से बनी शीट का उपयोग किया गया है। यह सामग्री जंग-रोधी एवं टिकाऊ होती है। टंकी में एचडीपीई बैलून तकनीक का भी उपयोग किया गया है, जिससे इसकी संरचना का कुल भार कम रखने में मदद मिलती है। इस तकनीक के माध्यम से जल संग्रहण क्षमता को बनाए रखते हुए आधुनिक निर्माण पद्धति को अपनाया गया है। मध्यप्रदेश जल निगम राजगढ के महाप्रबंधक उमाकांत चौधरी ने सारंगपुर विकासखंड के ग्राम पिपलदा, झिरी, हराना एवं देवीपुरा का भ्रमण कर पेयजल प्रदाय व्यवस्था का जमीनी स्तर पर निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ग्राम झिरी में नवीन तकनीक से निर्मित पानी की टंकी का भी जायजा लिया।निरीक्षण के दौरान श्री चौधरी ने संबंधित अधिकारियों एवं इंजीनियरों को क्षेत्र में नियमित, सुचारू एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कुंडलिया समूह जल प्रदाय योजना के अंतर्गत नवीन तकनीक के उपयोग से ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था को बेहतर बनाने तथा नागरिकों को नियमित जल आपूर्ति उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य किया जा रहा है।
नवीन तकनीक से बनाई जा रहीं पेयजल आपूर्ति टंकियां: महाप्रबंधक ने किया निरीक्षण