उज्जैन। सुरक्षा गार्ड का काम करने वाले युवक की रविवार दोपहर हत्या कर दी गई। मामला उधार रूपये लौटाने के दौरान हुए विवाद का होना सामने आया है। मामले में पति-पत्नी और पुत्र की तलाश शुरू की गई। देर शाम महिला को हिरासत में ले लिया गया।
चिमनगंज थाना क्षेत्र के अनंत नगर में रहने वाला राम पिता अशोक कुमावत 40 साल वाहन शोरूम पर सुरक्षा गार्ड का काम करता था। दोपहर 1 बजे भैरवगढ़ क्षेत्र के सिद्धवट मंदिर के पास भदेड़ मोहल्ले में राम की लोहे की रॉड से हमला कर हत्या कर दी गई। खबर मिलते ही राम का भाई बंटी कुमावत और मां कुसुमबाई घटनास्थल पहुंचे। भाई ने बताया कि हत्या रामेश्वर मालवीय, उसकी पत्नी प्रेमलता उर्फ भूरी और पुत्र दुर्गेश द्वारा की गई है। उसका कहना था कि प्रेमलता ने मां कुसुम को कॉल किया था और बताया कि पति रामेश्वर से राम का विवाद हो गया है, जल्द आ जाओं। बंटी का कहना था कि रामेश्वर ने 50 हजार रूपये राम से उधार लिये थे। सुबह 10 बजे रामेश्वर ने कॉल किया था और राम को रूपये लौटाने के लिये बुलाया था। राम बाइक से भैरवगढ़ जाने के लिये निकला था। प्रेमलता का कॉल आने पर पहुंचे तो तीनों भाग निकले राम खून से लथपथ मृत अवस्था में पड़ा था। मामले में एसआई शोभाराम किरार ने बताया कि बंटी कुमावत की शिकायत पर हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है। घटनास्थल रामेश्वर के घर के सामने का है। मृतक की बाइक भी वहां खड़ी मिली है। हत्या में शामिल पति-पत्नी और पुत्र की तलाश शुरू की गई और देर शाम प्रेमलता को हिरासत में ले लिया गया। जिससे पूछताछ कर पति और पुत्र की गिरफ्तारी के प्रयास किये जा रहे है। मृतक का पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंपा गया है।
मृतक के घर काम करती थी प्रेमलता
मृतक के भाई बंटी ने बताया कि प्रेमलता कुछ सालों से उनके घर साफ-सफाई का काम करने आती थी। इसी दौरान उसके पति से रामेश्वर से राम का परिचय हुआ था और उसने रूपये उधार दिये थे। रामेश्वर ने उधार लिये रूपये लौटाने के लिये बुलाया था, विवाद होने पर उसने पुत्र और पत्नी के साथ मिलकर हत्या कर दी। थाना प्रभारी शैलेन्द्र प्रतापसिंह के अनुसार मामले में जांच की जा रही है। रामेश्वर, उसकी पत्नी और पुत्र के गिरफ्त में आने पर सामने आ पायेगा कि विवाद किसी बात को लेकर हुआ था। प्रारंभिक जांच में हत्या का कारण रूपयों का विवाद होना सामने आया है।
19 दिन में उज्जैन जिले में पांच हत्या
जिले में अप्रैल माह के 19 दिन में पांच हत्या के मामले सामने आ चुके है। सभी हत्या के पीछे मामूली विवाद की वजह सामने आई है। सबसे पहले 1-2 अप्रैल की रात लिफ्ट मांगने की बात पर हुए विवाद में आरिफ उर्फ भूरू निवासी बेगमबाग कालोनी की आगररोड पर हत्या कर दी गई थी। 5 अप्रैल को चिमनगंज उद्योगपुरी में के.के. उर्फ केवल श्रीवास्तव की दोस्त ने शराब पीने के दौरान हुए विवाद में सीने में चाकू घोंपकर हत्या की थी। 6-7 अप्रैल को माकडोन में ढाबे पर खाना खाने की बात पर हुए विवाद में लखन नामक युवक की हत्या कर दी गई थी। 11 अप्रैल को महिदपुर में बालाराम गुजराती की हत्या का मामला सामने आया था। बालाराम का चाकू से गला रेता गया था। अब 19 अप्रैल को भैरवगढ़ क्षेत्र में राम कुमावत की हत्या होना सामने आया है। पुलिस ने चार हत्या में शामिल आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
दिनदहाड़े सिद्धवट के पास सुरक्षा गार्ड की हत्या -उधार रूपये लौटाने के लिये बुलाया था, विवाद होने पर किया हमला