सारंगपुर।शहर की सड़कों पर बढ़ते यातायात दबाव के बीच ऑटो चालकों की मनमानी भी लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रही है। सारंगपुर में करीब 200 ऑटो संचालित हो रहे हैं, लेकिन इनके खड़े होने और सवारियां बैठाने के लिए व्यवस्थित स्टैंड की कमी नजर आती है। ऐसे में प्रमुख चौराहों, बाजारों और व्यस्त मार्गों पर ऑटो सड़क किनारे या बीच रास्ते में खड़े हो जाते हैं। सवारियां बैठाने और उतारने के दौरान दूसरे वाहनों की आवाजाही प्रभावित होती है और कई बार जाम की स्थिति बन जाती है।
कहीं भी खडे कर देते हैं ऑटो, राहगीरों की बढती परेशानी-शहर के प्रमुख मार्गों और बाजार क्षेत्रों में ऑटो की आवाजाही दिनभर बनी रहती है। बस स्टैंड, अनिल पेट्रोल पंप, अकोदिया नाका, ओल्ड एबी रोड, गांधी चौक, कृषि उपज मंडी के आसपास और अन्य व्यस्त स्थानों पर ऑटो खड़े रहने से यातायात प्रभावित होने की स्थिति बनती है। कई चालक सवारियां मिलने के इंतजार में सड़क किनारे वाहन खड़ा कर देते हैं, तो कुछ बीच रास्ते में ही सवारियां बैठाने लगते हैं। इससे पीछे आने वाले वाहन चालकों को निकलने के लिए जगह नहीं मिलती। दोपहिया वाहन चालकों, पैदल चलने वालों और बाजार आने वाले लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ती है। त्योहारों और बाजार के व्यस्त दिनों में यह समस्या और बढ़ सकती है।
निर्धारित स्टैंड नहीं होने से बिगड़ रही व्यवस्था-शहर में करीब 200 ऑटो के संचालन के बावजूद इनके लिए पर्याप्त और व्यवस्थित स्टैंड की व्यवस्था जरूरी है। निर्धारित स्थान नहीं होने से चालक अपनी सुविधा के अनुसार अलग-अलग जगह वाहन खड़े करते हैं। इसका असर केवल यातायात पर ही नहीं, बल्कि बाजारों में आने-जाने वाले लोगों की सुविधा पर भी पड़ता है। सड़क किनारे बेतरतीब खडे ऑटो के कारण मार्ग संकरा हो जाता है और कई स्थानों पर वाहनों की कतार लगने की स्थिति बनती है। ऐसे में ऑटो चालकों के लिए निर्धारित स्थान तय करने के साथ ही वहां सवारियां बैठाने और उतारने की व्यवस्था करना जरूरी है।
200 ऑटो,सवारियां बैठाने के लिए व्यवस्थित स्टैंड की कमी: प्रमुख मार्गों पर कब्जे से शहर बेहाल