उज्जैन।शाजापुर में पिछले सप्ताह एसी स्लीपर बस में आग लगने और एक मासूम की जिंदा जलने से मौत के बाद उज्जैन पुलिस अलर्ट मोड पर आ गई है। शहर से संचालित होने वाली एसी बसों की सुरक्षा व्यवस्था की जांच के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस इमरजेंसी गेट, फर्स्ट एड बॉक्स, फायर सेफ्टी उपकरण और अन्य सुरक्षा मानकों की जांच कर रही है। दो दिनों में अब तक करीब 50 बसों पर कार्रवाई की जा चुकी है।जांच के दौरान एक बस में इमरजेंसी गेट के स्थान पर अवैध रूप से स्लीपर सीट बनाई गई थी, जबकि एक अन्य बस का आपातकालीन द्वार टूटा हुआ मिला। इसके अलावा दो बसें बिना वैध परमिट के संचालित होती पाई गईं। कई बसों में मेडिकल फर्स्ट एड बॉक्स और आग बुझाने वाले फायर एक्सटिंग्विशर भी नहीं मिले।शुक्रवार को 25 बसों की जांच-उप पुलिस अधीक्षक यातायात विक्रम सिंह कनपुरिया और यातायात अधिकारी दिलीप सिंह परिहार के नेतृत्व में यातायात पुलिस द्वारा यह सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। गुरुवार को 34 बसों और शुक्रवार को करीब 25 बसों को रोककर उनकी जांच की गई। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वाली बसों पर आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
27 मई तक चलेगा अभियान-दिलीप सिंह परिहार ने बताया कि सुरक्षा मानकों और परमिट नियमों के उल्लंघन की गंभीर अनियमितताएं मिलने पर गुरुवार और शुक्रवार को मिलाकर 50 बसों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। उन्होंने बताया कि यह विशेष जांच अभियान 21 मई से शुरू हुआ है और 27 मई तक लगातार जारी रहेगा।