तराना। मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह की सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा गुरुवार को तीसरे दिन में प्रवेश कर गई है। उज्जैन से अयोध्या तक की इस पदयात्रा के तहत दिग्विजय सिंह गुरुवार को देवास के ग्राम सिंदूरिया से तराना के लिए रवाना हुई। यात्रा के दौरान वे साधु-संतों और समर्थकों के साथ पैदल चलकर सनातन परंपरा, धार्मिक स्थलों में पारदर्शिता और लोकतंत्र में मताधिकार की रक्षा का संदेश दे रहे हैं।यात्रा खजूरिया परमार, जवासिया स्थित पेट्रोल पंप और कवलीखेड़ा जोड़ स्थित हनुमान मंदिर होते हुए आगे बढ़ी। दोपहर 1 बजे भोजन और विश्राम के बाद दोपहर 3 बजे यात्रा आगे बड़ी। स्वास्तिक मैरिज गार्डन और कलश मैरिज गार्डन होते हुए पदयात्रा तराना नगर पहुंची। यात्रा के दौरान विधायक महेश परमार शामिल रहे साथ ही धर्म सभा को भी संबोधित किया। दिग्विजय सिंह ने चंदा चोरी और वोट चोरी के मुद्दे पर अपनी बात रखते हुए धार्मिक स्थलों में कथित अनियमितताओं की जांच और चुनाव में बैलेट पेपर से मतदान की मांग उठाई थी। उन्होंने कहा था कि चंदा चोरी करने वालों को पकड़कर जेल भेजा जाना चाहिए और ईवीएम के बजाय बैलेट पेपर से चुनाव कराए जाने चाहिए।यात्रा का एक प्रमुख उद्देश्य मंदिरों में श्रद्धालुओं के दान और चढ़ावे की व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करना तथा धार्मिक संस्थाओं से जुड़े मामलों में जवाबदेही तय करने की मांग उठाना है। इसके साथ ही लोकतंत्र में मताधिकार की रक्षा का मुद्दा भी यात्रा के केंद्र में है।यात्रा के दौरान सिह की धर्मपत्नी पैदल चली महिलाओं,युवतियों के साथ संवाद किया।इस दौरान नगर परिषद अध्यक्ष सुनीता रूपेश परमार भी शामिल रही।गुरुवार को यात्रा के दौरान दिग्विजय सिंह सड़क किनारे खेतों में आलू की बुवाई कर रहे किसानों के बीच पहुंचे और उनकी समस्याएं सुनीं। किसानों ने खाद की किल्लत, बिजली की समस्या और आलू की फसल का उचित दाम नहीं मिलने से हो रही परेशानियों से उन्हें अवगत कराया।किसानों ने बताया कि आलू की बुवाई के समय खाद समय पर नहीं मिल रहा है। टोकन के आधार पर खाद मिलने के कारण उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं, बिजली की समस्या भी खेती के काम को प्रभावित कर रही है। किसानों ने आलू की पिछली फसल का जिक्र करते हुए बताया कि बाजार में कम दाम मिलने से उनकी लागत तक नहीं निकल पाई। कोल्ड स्टोरेज में आलू रखने के बावजूद उन्हें इतना कम भाव मिला कि भंडारण का किराया तक नहीं निकल सका।
सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा के तीसरे दिन आलू की बुवाई कर रहे किसानों के बीच पहुंचे दिग्विजय सिंह.