ब्यावरा-राजगढ़। राजगढ़ जिले के ब्यावरा शहर में अफवाहों की आंधी ने एलपीजी गैस सिलेंडर से लेकर पेट्रोल डीजल तक भारी मारामारी शुरू कर दी। एलपीजी गैस सिलेंडर की व्यवस्थाएं अभी पटरी पर भी नहीं आई की अफवाहों के बाजार ने एक बार फिर जनमानस की बयान को पेट्रोल डीजल पंपों की ओर धकेल दिया। अफवाहों के चलते लोगों की भीड़ एचपी गैस एजेंसी से लेकर पेट्रोल पंप तक लगी हुई है उपभोक्ता वर्तमान को छोड़ भविष्य की चिंता में आवश्यकता से अधिक स्टोर करने में लग गया मनमानी के चलते एचपी गैस एजेंसी के संचालक आपदा में अवसर ढूंढने का प्रयास कर रहे शासन के नियमों को ताख में रख गैस एजेंसी संचालक का छोटा भाई अपनी मनमर्जी पर उतारू हो गया। प्रशासनिक अधिकारियों के साथ-साथ पत्रकारों को भी असंतोषप्रद जवाब दे रहा है।
गैस सिलेंडर की होम डिलीवरी हेतु चार वाहन नगर में लगाये गये है जो उपभोक्ताओ से बुकिंग के दौरान जारी ओटीपी पूछकर सिलेंडर वितरण कर रहे। उधर गैस एजेंसी पर ईकेवाईसी और बगैर ओटीपी वाले गैस उपभोक्ताओं की भीड़ लगी हुई है। कई उपभोक्ताओं ने हमारे संवाददाता को बताया कि 12 मार्च 2026 को एचपी गैस सिलेंडर बुकिंग करने के बाद जारी ओटीपी को एक सप्ताह से अधिक समय हो गया मगर आज तक एजेंसी संचालक द्वारा होम डिलीवरी नहीं की गई। एजेंसी संचालक ने उनसे कहा गोदाम से आकर ले जाओ। जबकि नियमानुसार सिलेंडर को रेगुलेटर में लगाया जाना चाहिए।
शुजालपुर। क्षेत्र में पेट्रोल और डीजल की कमी की खबर ने पेट्रोल पंपों पर वाहनों की लम्बी कतारे लगवा दी, प्रशासन और जनप्रतिनिधि जहां पर्याप्त स्टॉक और कमी की अफवाह बताते रहे वहीं पेट्रोल पंपों पर वाहनों में ईधन की लिमिट तय करने से लोगों में कमी का संदेश और अधिक गया। हालांकि अनावश्यक स्टॉक के कारण भी पेट्रोल पंपों पर ईधन की कमी देखी गई। शहर के मध्य स्थित राजपाल पेट्रोल पंप पर बुधवार की सुबह से ही भीड़ लगना शुरू हो गई और दोपहर में स्थिति काफी बिगडती हुई दिखी, यहां पर लम्बी लाइन वाहनों की नजर आई। इस पंप पर शाम लगभग 6.30 बजे पेट्रोल समाप्त हो गया, हालांकि पंप संचालक ने कहा कि रात्रि में 12 हजार लीटर का टेंकर आ जाएगा, उधर अकोदिया रोड स्थित जीओं पेट्रोल पंप पर भी दोपहर में पेट्रोल समाप्त हो गया तो शाम को डीजल की कमी देखी गई, हालांकि शाम के बाद इस पंप पर पेट्रोल की उपलब्धता हो गई। उधर आष्टा रोड और अन्य मार्गो पर स्थित पेट्रोल पंपों पर भी ईधन समाप्त होने या कम होने की जानकारी मिली। सूत्रों के अनुसार पंपों पर ऊपर से आपूर्ति लिमिटेड हो पा रही है, एक दिन में एक टेंकर लगभग 12 हजार लीटर का मिल पा रहा है। पेट्रोल पंपों पर दो पहिया वाहन में 500 तक का पेट्रोल और 1 हजार रुपए का डीजल देने की लिमिट देखी गई। इस संबंध में पंप संचालकों का कहना है कि प्रशासन की और से कोई लिखित निर्देश नहीं दिए गए है लेकिन स्थिति को देखते हुए यह किया जा रहा है, जिससे कि अनावश्यक स्टॉक न हो सके। उधर आष्टा रोड स्थित एक पेट्रोल पंप पर तय दाम से अधिक में पेट्रोल बेचने की भी उपभोक्ता द्वारा शिकायत की गई, जिसके बाद खाद्य विभाग के अधिकारी जांच के लिए पहुंचे। अंतराष्ट्रीय स्तर पर जारी ईधन की समस्या का असर अब क्षेत्र में भी दिखाई दे रहा है, हालांकि प्रशासन पर्याप्त ईधन होने की बात कहते हुए अफवाह से सावधान रहने की अपील कर रहा है।