इंदौर।इंदौर के रामानंद नगर इलाके में कर्ज के दबाव से परेशान एक वाहन मालिक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के समय घर पर बच्चे मौजूद थे, जबकि पत्नी भजन में गई हुई थी। लौटने पर पत्नी को घटना की जानकारी मिली, जिसके बाद इलाके में सनसनी फैल गई।किश्त नहीं भर पाने से था परेशान, बैंक का था दबाव- चंदन नगर थाना पुलिस के मुताबिक मृतक की पहचान दुलीचंद (43) पिता कालूराम राठौर के रूप में हुई है। दुलीचंद ने वाहन खरीदने के लिए लोन लिया था, लेकिन पिछले कई महीनों से वह उसकी किश्त नहीं भर पा रहे थे। बैंक की ओर से लगातार तकादा किए जाने के कारण वह तनाव में थे।बेटी ने दरवाजे के छेद से देखा, फंदे पर लटके थे पिता- घटना शाम की है। दुलीचंद घर के पीछे बने कमरे में थे। काफी देर तक बाहर नहीं आने पर उनकी बेटी उन्हें देखने पहुंची। दरवाजा अंदर से बंद था। आवाज देने पर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली तो बेटी ने दरवाजे के छेद से झांककर देखा। अंदर पिता फंदे पर लटके हुए थे। यह देख उसने तुरंत मां को फोन कर जानकारी दी।कोई सुसाइड नोट नहीं मिला, जांच में जुटी पुलिस- सूचना मिलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को जानकारी दी गई। पुलिस ने शव को जिला अस्पताल भेजकर पोस्टमॉर्टम कराया है। मौके से किसी प्रकार का सुसाइड नोट नहीं मिला है। पुलिस अब वाहन के दस्तावेजों के आधार पर फाइनेंस कंपनी और एजेंटों से पूछताछ करेगी।तीन बच्चों के सिर से उठा पिता का साया- मृतक के परिवार में पत्नी और तीन बच्चे—दो बेटियां और एक बेटा हैं, जो पढ़ाई कर रहे हैं। पत्नी दुर्गा के मुताबिक उन्हें लोन की पूरी जानकारी नहीं थी, लेकिन बैंक के लोग घर आकर किश्त के लिए दबाव बना रहे थे। घटना के बाद परिवार सदमे में है।
कर्ज से परेशान वाहन मालिक ने फांसी लगाई:पत्नी भजन में गई थी, बेटी ने दरवाजे से झांककर देखा पिता का शव