जीरापुर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के शिवाशीष भवन, जीरापुर में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में ह्लवंदे मातरम स्वर्णिम भारतह्व विषय पर फाग उत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम में महिला कांस्टेबल अर्चना राय, समता गुप्ता, पार्षद कुसुम टांक, शिक्षिका प्रिया पुष्पद तथा ज्योत्सना दांगी विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं।
इस अवसर पर जीरापुर सेवाकेंद्र संचालिका ब्रह्माकुमारी नम्रता दीदी ने अपने उद्बोधन में कहा कि नारी प्रकृति की एक अनमोल रचना है। वह एक ओर कोमल है तो दूसरी ओर शक्ति स्वरूपा भी है। शारीरिक दृष्टि से पुरुष अधिक बलशाली माना जाता है, इसलिए नारी को अबला कहा जाता है, परंतु शक्ति का संबोधन सदैव नारी के साथ ही जुड़ा हुआ है। देवी स्वरूप में शक्तियों की पूजा भी नारी रूप में ही की जाती है।
उन्होंने कहा कि व्यक्तित्व निर्माण से लेकर विश्व निर्माण तक महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। महिला शांति और समरसता की अग्रदूत है। ईश्वर ने उन्हें अनेक गुण और क्षमताएं वरदान स्वरूप प्रदान की हैं, जिन्हें जीवन में आगे लाना आवश्यक है। जब नारी सशक्त होती है तो परिवार, समाज और राष्ट्र भी सशक्त बनता है। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने आयोजन की सराहना करते हुए महिला दिवस की शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर सभी अतिथियों को ब्रह्माकुमारी नम्रता दीदी द्वारा ईश्वरीय सौगात भेंट कर सम्मानित किया गया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम के अंतर्गत कुमारी मुस्कान एवं कुमारी मीरा ने आकर्षक नृत्य प्रस्तुति दी, जिसे उपस्थित जनों ने सराहा। कार्यक्रम के अंत में सभी ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर एवं फूलों की होली खेलकर फाग उत्सव धूमधाम से मनाया।
नारी शक्ति से ही परिवार, समाज और राष्ट्र सशक्त- नम्रता दीदी