उज्जैन। युवा निगमायुक्त के नेतृत्व में उज्जैन के कई स्थलों की तस्वीर बदलने की स्थिति बन रही है। क्षीरसागर में नैनो डिफ़ाटर सॉफ्ट एरिटर तकनीकी का प्रयोग सफल रहा है। इससे सागर का पानी साफ हुआ है और उसकी बदबू भी गायब हुई है। अब कुंड की सुरक्षा के लिए गार्ड तैनात कर दिया गया है।सप्त सागर एवं नौ नारायण की धरा अवंतिका नगरी में 17 मई से अधिक मास धार्मिक प्रमुखता लिए रहेगा। ऐसे में भगवान श्री हरि नारायण का विशेष पूजन अर्चन होता है। इस बार क्षीरसागर पर पूजन के लिए पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को यहां एक अलग ही आनंद अनुभव होगा। नगर निगम के प्रयासों से क्षीर सागर कुंड में नैनो डिफाटर एरिटर तकनीकी का प्रयोग किया गया था। इस प्रयोग के सफल परिणाम सामने आये हैं।जांच में सुधार सामने आया –शनिवार को कलेक्टर रोशनकुमार सिंह एवं नगर निगम आयुक्त क्षीरसागर में किए गए प्रयोग को जानने पहुंचे थे।नवाचार में सामने आया कि तालाब में करीबन 1 से 1.5 फीट तक पानी की गुणवत्ता में सुधार आया है। तकनीकी का उपयोग विगत कुछ ही दिन पूर्व ही यहां किया गया है। इससे घुलित आक्सीजन की मात्रा से पानी की गंध समाप्त हो गई एवं करीबन 1 से 1.5 फीट तक पानी पारदर्शी रूप में उच्च गुणवत्ता के साथ सुधार हुआ है।अधिकमास में पूजन करें,निर्माल्य न डालें-आगामी अधिक मास के दौरान श्रद्धालुओं द्वारा सप्तसागर पूजन के अंतर्गत क्षीर सागर पर पूजन अर्चन किया जाएगा। नगर निगम ने यहां सूचना संकेतक लगाकर कुंड में निर्माल्य कुंड एवं सूचना संकेतक, सौंदर्यीकरण, समुचित सफाई व्यवस्था के निर्देश दिए हैं। सुरक्षा की दृष्टि से शिफ्ट अनुसार सुरक्षा गार्ड नियुक्त किए गए हैं।