April 16, 2024

उज्जैन। आरडी गार्डी मेडिकल कॉलेज से चोरी हुआ शिशु 35 दिन बाद मिलने की खबर रविवार को फैल गई थी। मंगलवार रात तक शिशु का कुछ पता नहीं चल पाया था। पुलिस मिलने की उम्मीद में पहुंची थी ‘होगा तोÓ शब्द में उलझकर रह गई।
30 जनवरी को मेडिकल कॉलेज से दुष्कर्म पीडि़ता का 3 दिन का शिशु चोरी होने का मामला सामने आने के बाद चिमनगंज थाना पुलिस ने मामले की जांच शुरु की थी। लगतार प्रयास किये जा रहे थे, हर स्तर पर शिशु को तलाशने में पुलिस लगी थी। इस बीच चर्चाओं में किसी ने पुलिस से कहा कि बच्चा होगा तो दिलवा देगें। पुलिस ने उसकी बात सुनकर मान लिया किया बच्चा बागली में पीडि़ता के परिजनों के पास ही होगा। ‘तोÓ और ‘होगाÓ शब्द को अनदेखा कर पुलिस ने शनिवार-रविवार रात बागली का रुख कर लिया। आधी रात को परिजनों को जगाया गया और पूछताछ की गई। यहां तक कहा गया कि बच्चा दे दो किसी को जेल नहीं भेजा जाएगा। पुलिस को बच्चा मिलने की पूरी उम्मीद थी। सुबह तक काफी प्रयास किये गये। एक दिन पूरा पुलिस वहीं डटी रही। सशर्त बच्चा देने की कहानी ने भी जोर पकड़ लिया। अधिकारी भी मान बैठे थे कि 35 दिन बाद बच्चा मिल गया, लेकिन उलझ ऐसी रही कि मंगलवार शाम तक शिशुु का कोई सुराग नहीं लग पाया था।