उज्जैन \ सिंहस्थ की तैयारी वाले उज्जैन में युवती ने चलती कार में पांच लोगों पर गैंगरेप का आरोप लगाया है। इंदौर की 20 वर्षीय युवती का आरोप है कि उसके साथ मारपीट भी की गई। वारदात उज्जैन से इंदौर मार्ग पर हुई। इसके बाद आरोपियों ने उसे इंदौर छोड़ दिया। उज्जैन से इंदौर के बीच दो पुलिस चौकी और करीब 50 होटल-रेस्टोरेंट हैं। इसके बावजूद आरोपी की कार अब तक जब्त नहीं की जा सकी।युवती ने पुलिस को बताया कि इंस्टाग्राम पर दोस्त बने उज्जैन के चक्रेश जैन ने उसे सोमवार को मिलने बुलाया था। वह शाम करीब साढ़े सात बजे मेघदूत होटल के सामने उसकी कार में बैठी। कार में उसके साथ यौन हिंसा की गई।बाद में आरोपी उसे इंदौर में अरबिंदो अस्पताल के पास छोड़ दिया। पुलिस ने युवती के आवेदन पर चक्रेश और एक अन्य आरोपी के खिलाफ गैंगरेप की एफआईआर दर्ज की है। घटना की सटीक जगह और कार का पूरा रूट अभी स्पष्ट नहीं है।
युवती ने वीडियो जारी कर पूरी घटना बताई
आरोप लगाने वाली युवती ने एक वीडियो जारी कर पूरी घटना बताई। उसने वीडियो में कहा- चक्रेश जैन के नाम के आदमी से मेरी इंस्टाग्राम पर दोस्ती हुई थी। उसने मुझे बहुत बार मिलने के लिए बुलाया, बड़ी मुश्किल से मैं उससे मिलने आई। उसने बहुत देर तक मुझे घुमाया। मुझे कॉफी जैसी चीज पिलाई, जिसके बाद मेरा सिर घूमने लग गया था। फिर धीरे से उसका एक दोस्त मेघदूत पर से आकर बैठा।
युवती का कहना है कि थोड़ा आगे हम बढ़े इंदौर जाने के लिए तो वहां से चार आदमी और बैठ गए कार के अंदर। फिर उन लोगों ने मेरे साथ हरकत करने की कोशिश की। उन्होंने मुझे बहुत बुरा मारा… और मेरे प्राइवेट पार्ट में प्लास्टिक के डंडे 3-4 बार घुसाए। फिर मुझे इंदौर में एक ऐसी जगह जहां कैमरे वगैरह कुछ नहीं थे, वहां उतारकर फेंक दिया।
उज्जैन-इंदौर रोड पर सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
उज्जैन से इंदौर के बीच करीब 55 किलोमीटर लंबे मार्ग को छह लेन में विकसित करने का काम चल रहा है। कई जगह निर्माण कार्य जारी है। फिलहाल, इस मार्ग पर हर कार की जांच नहीं होती और सघन जांच के लिए विशेष चेकिंग पॉइंट भी नहीं बनाए गए हैं। ऐसे में सिंहस्थ की तैयारियों के बीच मार्ग की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
उज्जैन में पहले भी हुई गंभीर घटनाएं; खून से सनी नाबालिग ढाई घंटे भटकी थी
उज्जैन में तीन साल पहले एक 12 साल की बच्ची के साथ रेप का मामला सामने आया। महाकाल थाना इलाके में बड़नगर रोड पर दांडी आश्रम के पास बच्ची घायल हालत में मिली थी। उसके कपड़े खून से सने थे। बच्ची आधे-अधूरे कपड़ों में सांवराखेड़ी सिंहस्थ बाइपास की कॉलोनियों में ढाई घंटे तक भटकती रही। इसके CCTV फुटेज पुलिस ने खोजे हैं।
बच्ची पूरे आठ किलोमीटर चलती गई। उसके प्राइवेट पार्ट्स में गंभीर चोटें थीं। उसने पुलिस को बताया- उसकी मां के साथ भी गलत काम हुआ है। ज्यादा खून बह जाने के कारण बच्ची को इंदौर के अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था।