निगम के कार्यों में ठेकेदारों की रुचि नहीं, नगद भुगतान वाले कामों में ठेकेदारों की बाढ़

उज्जैन। नगर निगम द्वारा शहर में विभिन्न विकास एवं निर्माण कार्य कराए जा रहे हैं, लेकिन इन कार्यों को लेकर ठेकेदारों की घटती रुचि अब चिंता का विषय बनती जा रही है। नगर निगम परिषद का कार्यकाल साढ़े चार वर्ष के करीब पहुंच चुका है और लगभग 7-8 माह बाद नए महापौर एवं पार्षदों के चुनाव होने हैं। ऐसे में कई पार्षद स्वयं को विकास कार्यों के मामले में उपेक्षित और ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं।
बार-बार रिकॉल हो रहे टेंडर-पार्षदों का कहना है कि उनके वार्डों में आवश्यक निर्माण एवं विकास कार्यों के लिए लगातार प्रयास करने के बावजूद कई योजनाएं धरातल पर नहीं उतर पा रही हैं। इसका प्रमुख कारण यह है कि निगम द्वारा जारी की जा रही निविदाओं में ठेकेदार रुचि नहीं ले रहे हैं। परिणामस्वरूप कई टेंडर बार-बार रिकॉल करने की नौबत आ रही है।
Share:

संबंधित समाचार

Leave a Comment