दैनिक अवंतिका उज्जैन
जमीन विवाद में की गई हत्या के मामले में कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुना दी है। न्यायालय श्रीमती प्रेमा साहू अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश महोदय तराना के न्यायालय के प्रकरण के 85/18 थाना माकडोन के अपराध कं. 232/2018 धारा 302, 147, 148, 149 भादवि में अभियुक्तगण (1) शंकर पिता बापू जाट (2) रतन पिता बापू जाट, (3) राजमल पिता बापू जाट, (4) सिद्धनाथ पिता राजमल, (5) दिनेश पिता राजमल, (6) रामदयाल पिता शंकर जाट निवासीगण ग्राम बेरछी, थाना माकडोन. (7) मोडसिंह पिता रघु (8) प्रताप पिता रघु जाट निवासीगण भडसिम्बा थाना कायथा (9) सीताराम पिता प्रभुदयाल निवासी सुवागांव माकडोन को माननीय न्यायालय द्वारा विचारण उपरांत दोषी पाते हुये धारा 302/149 भादवि में आजीवन कारावास व 1000-1000/- रूपये, धारा 147 भादवि में 2 वर्ष सश्रम कारावास व 500-500/- रूपये, धारा 148 भादवि में 2 वर्ष सश्रम कारावास व 500-500/- रूपये, धारा 352/149 भादवि में 5-5 माह का सश्रम कारावास व 500-500/- रूपये से दंडित किया गया।
यह था मामला
मीडिया सेल प्रभारी कुलदीप सिंह भदौरिया ने बताया कि दिनांक 10.07.2018 को फरियादी देवीसिह द्वारा देहाती नालसी लेख करायी कि निर्भय सिंह पाटीदार निवासी बेरछी द्वारा फोन पर सूचना दी कि ट्रेक्टर लेकर तराना आ जाओ ग्राम बेरछी में खेत हाकना है। वह ट्रेक्टर लेकर तराना आया वहां पर दो इंडिगो कार में निर्भय सिंह, अनोखी लाल तथा निर्भयसिंह का भानेज बैठे थे। ट्रेक्टर दिनश चला रहा था सभी लोग दोपहर 01ः30 बजे ग्राम बेरछी पहुंचे दोनो कार गांव के बाहर खड़ी कर दी थी। ट्रेक्टर लेकर निर्भयसिंह, अनोखीलाल, भगवान सिंह और दिनेश खेत पर पहुँचे, दिनेश खेत हाक रहा था तभी 2ः30 बजे ग्राम बेरछी के शकरलाल, रतन, राजमल, रामदयाल, दिनेश, सिद्धनाथ, मोडसिंह, प्रताप और रामसिंह हाथों में लाठी, तलवार और फर्सी लेकर आये और एक राय होकर हत्या करने की नीयत से अनोखीलाल और निर्भयसिंह के साथ मारपीट करने लगे, दिनेश बीचबचाव करने गया तो उसे भी मारने के लिये आये। 100 डायल पुलिस वाहन को फोन लगाया पुलिस आने पर अभियुक्तगण भाग गये पास जाकर देखा तो निर्भय सिंह और अनोखीलाल के सिर में चोट होकर खून निकल रहा था। मौक पर निर्भय सिंह की मृत्यु हो गयी थी और अनोखीलाल की मृत्यु अस्पताल में हो गयी थी। फरियादी की रिपोर्ट पर से अभियुक्तगण के विरूद्ध अपराध पंजीबद्ध कर वाद विवेचना अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया।
अधिकारियों का अहम योगदान
प्रकरण में उप-निदेशक (अभियोजन) राजेन्द्र कुमार खाण्डेगर द्वारा थाना माकडोन के थाना प्रभारी को मार्गदर्शन प्रदान किया गया। शिरिष उपासनी विशेष लोक अभियोजक के तर्काें से सहमत होकर माननीय न्यायालय द्वारा आरोपीगणों को दण्डित किया गया।