गुटखा कंपनी के झोले में नवजात को लाकर ट्रेन में रखा, महू स्टेशन के फुटेज खंगाल रही पुलिस

 

इंदौर। यहां ट्रेन के महिला कम्पार्टमेंट में मिला नवजात एमटीएच के एनआईसीयू में भर्ती है। डॉक्टरों के अनुसार वह पूरी तरह से स्वस्थ है। इधर, पुलिस उसे छोड़ने वाले व्यक्ति को लेकर अलग-अलग टीमें बनाकर जांच करने की बात कह रही है। महू रेलवे स्टेशन से ही बच्चे को ट्रेन में रखने की बात सामने आ रही है।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि कहीं मामला बच्चे की तस्करी से तो नहीं जुड़ा है। अलग-अलग टीमें बनाकर स्टेशन के बाहर लगे कैमरों की रिकार्डिग निकाली जा रही है। रेलवे एसपी के अनुसार उन्हें कुछ जानकारी भी मिली है। जिसके आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।
रेलवे एसपी मनीषा पाठक सोनी के मुताबिक बुधवार को मिले एक दिन के बच्चे के मामले में उसे ट्रेन में रखने वाले की जानकारी निकाली जा रही है। इसके लिए महू के अलावा इंदौर रेलवे स्टेशन के कैमरे भी देखे जा रहे हैं। एसपी के मुताबिक महू स्टेशन पर कुछ जगह कैमरे नहीं हैं। लेकिन बाहर की तरफ लगे कैमरों में स्टेशन आने-जाने वाले लोगों की रिकार्डिंग निकाली जा रही है।

झोले पर टिकी जांच

पुलिस अफसरों की माने तो बच्चे को एक गुटखा कंपनी के झोले में रखा गया था। उसके अंदर वह कपड़ों में लिपटा हुआ मिला। स्टेशन के बाहर से वह झोला ट्रेन तक पहुंचा है। जिसके चलते पूरी जांच उस झोले पर ही टिकी है। ट्रेन के निकलने के एक घंटे पहले के समय के आसपास के फुटेज निकाले जा रहे हैं। जिससे झोला लेकर महू स्टेशन के अंदर जाने वाले के बारे में पता लगाया जा सके।

अभी एनआईसीयू में नवजात

मामले में डॉक्टर निभिय मेहता ने बताया कि अभी बच्चे को एमटीएच में एनआईसीयू में रखा गया है। डॉक्यूमेंट को लेकर प्रोसेस हुई है। उसके कुछ बेसिक टेस्ट किए जाएंगे। उसे अभी बाहर का दूध भी नहीं दिया गया। दूध देने के बाद टेस्ट किए जाएंगे। इसके एक-दो दिन बाद उसे बच्चों के सामान्य बच्चो वार्ड में शिफ्ट किया जाएगा। पुलिस अधिकारी भी बच्चे के स्वास्थ्य को लेकर जानकारी ले रहे हैं।