April 15, 2024

इंदौर।  हमेशा से टेलीवीजन पर दिखाए जाने वाले भगवान श्री कृष्ण की लीलाओं से जुड़ी कहानियों ने दुनिया भर के दर्शकों के दिलों में एक अमिट छाप छोड़ी है। कृष्ण के असंख्य रूप जैसे बाल गोपाल, कान्हा, कन्हैया, मुरलीधर, नंदलाला, गोपाल और लड्डू गोपाल ने लगातार दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया है। लड्डू गोपाल अपने मनमोहक स्वभाव के कारण भक्तों के दिलों में अपनी एक खास जगह रखते हैं। कई लोग उनके साथ घनिष्ठ और व्यक्तिगत जुड़ाव के कारण उन्हें अपने दिल के सबसे करीबी भगवान के रूप में देखते हैं। इस समृद्ध विरासत को आगे बढ़ाते हुए, शेमारू टीवी ने अपने पहले मूल सामाजिक-पौराणिक शो, ‘तुलसी धाम के लड्डू गोपाल’ के साथ दर्शकों को कुछ नया परोसने की कोशिश की है जो कृष्ण से जुड़े लोगों के भाव को उजागर करता है। यह शो तुलसी नाम की एक भक्त और उसके प्यारे, मनमोहक, चंचल और मासूम देवता लड्डू गोपाल के बीच के असाधारण बंधन को दर्शा रहा है। जहाँ तुलसी के रूप में अभिनेत्री अक्षिता मुदगल, लड्डू गोपाल के रूप में बाल कलाकार हेत मकवाना और पंडित राधेश्याम के रूप में अनुभवी अभिनेता दयाशंकर पांडे को मुख्य भूमिकाओं में चुना गया है। ‘तुलसी धाम के लड्डू गोपाल’ की इस दिल को छू लेने वाली कहानी को देखें हर सोमवार से शनिवार, रात 8 बजे, शेमारू टीवी पर।

‘तुलसी धाम के लड्डू गोपाल’, दर्शकों के लिए एक अनोखे और मंत्रमुग्ध कर देने वाले अनुभव का वादा करता है, जो दर्शकों को आध्यात्मिकता की गहराई में लेकर जाता है। तुलसी, लड्डू गोपाल के समर्पित भक्त होने के नाते उनकी उपस्थिति को महसूस करने की दिव्य क्षमता रखने वाली एकमात्र भक्त हैं जबकि औरों को कान्हा बिलकुल नज़र नहीं आते। लड्डू गोपाल हर मोड़ पर अपनी भक्त के सारथी बनकर उनका मार्गदर्शक करते हैं और उनकी रक्षा करते हैं। यह कहानी मथुरा की सुरम्य पृष्ठभूमि पर आधारित है, जो लड्डू गोपाल की एक अटूट भक्त तुलसी और उनके परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है जो अपने दुष्ट ससुराल वालों के खिलाफ तुलसी की अथक लड़ाई से जुड़ी हुई है।
ऐसे में क्या विपरीत परिस्थितियों में तुलसी का लड्डू गोपाल से जुड़ा विश्वास डगमगा जाएगा या उनकी अटल भक्ति तूफान के बीच भी मार्गदर्शक के रूप में काम करेगी? देखिए भक्त तुलसी की अटूट भक्ति, प्यार और विश्वास से जुड़ी ‘तुलसी धाम के लड्डू गोपाल’ की यह कहानी जो दर्शकों का दिल जीतने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है।

शो में तुलसी का मुख्य किरदार निभाने को लेकर अभिनेत्री अक्षिता मुदगल बताती हैं, “मुझे लगता है कि इस किरदार को मैंने नहीं बल्कि नियति ने खुद मुझे चुना है। मैं आगरा शहर में पली-बढ़ी हूँ और यह कहानी भी वहीं से जुड़ी है। जहाँ अक्सर हर मां अपने बेटे को लल्ला कहकर पुकारती हैं जैसे मैया यशोदा अपने लड्डू गोपाल को बुलाती हैं। मेरा कान्हा से बहुत गहरा संबंध है और मैं शेमारू टीवी की आभारी हूँ और खुदको भाग्यशाली मानती हूँ कि उन्होंने मुझे यह किरदार निभाने का मौका दिया जो मेरे दिल के बहुत करीब है। यह शो दर्शकों एक लिए बहुत ख़ास साबित होगा। तुलसी की भक्ति से भरी यह यात्रा न सिर्फ लोगों का दिल जीत रही है बल्कि लोगों को कृष्ण की कई बाल लीलाओं से भी अवगत कराएगी, जिसे देखना दर्शकों के लिए बहुत मनोरंजक है।”

अनुभवी अभिनेता दयाशंकर पांडे ने कहा, “जब मुझे इस भूमिका की पेशकश की गई, तो मैं इस शो के कॉन्सेप्ट से मंत्रमुग्ध हो गया और मैंने तुरंत इसके लिए अपनी हामी दे दी। मैंने इस किरदार की तैयारी के लिए लड्डू गोपाल की कई कहानियों को पढ़ा और कान्हा की लीलाओं में खो गया। यह एक ऐसी कहानी है जो मेरे दिल के करीब है और मुझे शेमारू टीवी पर शो का हिस्सा बनकर बहुत खुशी हो रही है। पंडित राधेश्याम का किरदार निभाना एक ऐसा अनुभव है, जिसे मैं संजोता हूँ और मुझे पूरी उम्मीद है दर्शक इस अनोखी हृदयस्पर्शी कहानी से मंत्रमुग्ध होंगे।”

लड्डू गोपाल का किरदार निभाने वाले बाल कलाकार हेत मकवाना ने कहा, “मैं इस किरदार को निभाकर बहुत खुश हूं। मेरे द्वारा निभाए गए पिछले किरदारों की तुलना में यह किरदार बहुत अलग है। जब मैं लड्डू गोपाल के रूप में तैयार होता हूं, तो मैं खुद को उनसे बहुत करीब महसूस करता हूँ। यह एक अद्भुत एहसास है क्योंकि कई लोग अपने दिल में लड्डू गोपाल के साथ एक गुप्त मित्रता साझा करते हैं और मैं उस संबंध को इस किरदार में लेकर आता हूँ। मुझे लड्डू गोपाल से संबंधित बहुत सारी आकर्षक कहानियां सुनने को मिलती हैं और मैं इस भूमिका से बहुत कुछ सीख रहा हूँ। मैं खुद को स्क्रीन पर लड्डू गोपाल के रूप में देखकर बहुत खुश हूँ और लोगों की प्रतिक्रिया जानकार भी बहुत उत्साहित हूँ।”

भक्ति, प्रेम और आस्था के अनूठे मिश्रण से भरी तुलसी और उनके लड्डू गोपाल की भावपूर्ण यात्रा को देखें हर सोमवार से शनिवार, रात 8 बजे, शेमारू टीवी पर जो दर्शकों को एक अविस्मरणीय आध्यात्मिक यात्रा पर ले जाती है।