अब उज्जैन में भी दूर होगी सड़कों की खामियां…. दुर्घटनाएं रोकने के लिए उठाए जा रहा है ये बड़ा कदम

 

उज्जैन। अब प्रदेश के साथ ही उज्जैन जिले में भी    सड़कों की खामियों को दूर करने के लिए लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी)अभियान चलाएगा। जानकारी के अनुसार, पीडब्ल्यूडी द्वारा सड़कों का रोड सेफ्टी ऑडिट कराया जाएगा। दरअसल, सरकार की कोशिश है कि  सड़कें गुणवत्ता, सुरक्षा और भरोसे का ब्रांड बने।  दरअसल, बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए लोक निर्माण विभाग द्वारा पहली बार सड़कों का अनिवार्य रूप से रोड सेफ्टी ऑडिट करवाने जा रही है।
रोड सेफ्टी ऑडिट से सड़क पर किसी तकनीकी खामी के कारण होने वाली दुर्घटनाओं को कम किया जा सकता है। इसमें सड़क की डिजाइन, साइन बोर्ड, रोशनी, गति नियंत्रण, पैदल यात्रियों व साइकिल चालकों की सुरक्षा और ब्लैक स्पॉट्स का आकलन किया जाता है। कई बार सड़कें बनने के बाद छोटी-छोटी खामियां बड़ी दुर्घटनाओं का कारण बन जाती हैं, जिन्हें ऑडिट के जरिए सुधारा जा सकता है। यह प्रक्रिया नई सड़कों के निर्माण से पहले निर्माण के दौरान और उपयोग में आने के बाद भी की जाती है। सडक़ों का सेफ्टी ऑडिट तीन चरणों में होंगे। पहला प्री-डिजाइन स्टेज। इसके तहत सड़क की आवश्यकता और स्थान का अवलोकन, ट्रैफिक वॉल्यूम-वाहन के प्रकार, स्कूल, अस्पताल और बाजार जैसे प्वॉइंट का चयन किया जाएगा। दूसरा डिजाइन स्टेज के तहत रोड चौड़ाई, कर्व, ग्रेड और जंक्शन डिजाइन, फुटपाथ, स्टॉप और अन्य ट्रैक तथा ड्रेनेज, लाइटिंग, साइन बोर्ड और मार्किंग की पड़ताल होगी।
 तीसरा कंस्ट्रक्शन स्टेज के तहत वर्क जोन सेफ्टी, बैरिकेडिंग और डायवर्सन, रात की विजिबिलिटी और चेतावनी संकेत का ऑडिट होगा। वहीं प्री-ओपनिंग के तहत सड़क खोलने से पहले निरीक्षण,सभी साइन, मार्किंग और स्पीड ब्रेकर की जांच और ब्लैक स्पॉट की पहचान की जाएगी। वहीं पोस्ट-ओपनिंग के तहत दुर्घटना डेटा का विश्लेषण, ट्रैफिक का अध्ययन और सुधारात्मक उपाय पर जोर दिया जाएगा। एनएचएआई के एक्सप्रेस-वे की तर्ज पर पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा निर्मित स्टेट हाईवे सहित अन्य जिला मार्ग और मुख्य जिला मार्ग की सड़कों का रोड सेफ्टी ऑडिट किया जाएगा। जिसमें सड़कों को सुरक्षा के दृष्टिकोण से विभिन्न मापदंडों में परखा जाएगा। प्री- डिजाइन स्टेज से लेकर कंस्ट्रक्शन तक सेफ्टी का ऑडिट विभिन्न चरणों में किया जाएगा। उसके बाद सड़क की शुरुआत होने के बाद भी उसे सुरक्षा के मापदंड पर फिर परखा जाएगा।

Share:

संबंधित समाचार

Leave a Comment